उत्तराखंड
पेपर लीक पर देहरादून के बाद कुमाऊं में सुलगा आक्रोश: बुद्धा पार्क में छात्रों का हुजूम…
हल्द्वानी: उत्तराखंड में पेपर लीक प्रकरण को लेकर युवाओं और अभिभावकों का गुस्सा उबाल पर है। देहरादून के बाद अब कुमाऊं में भी इस मुद्दे ने बड़ा जनांदोलन का रूप ले लिया है। गुरुवार को हल्द्वानी के बुद्धा पार्क, तिकोनिया में भारी संख्या में छात्र-छात्राएँ और अभिभावक एकत्रित हुए, जहाँ सरकार और चयन आयोग के खिलाफ जमकर नारेबाजी हुई। सभा के दौरान समस्त पीड़ित अभिभावकों ने अनिश्चितकालीन धरने का ऐलान कर दिया, जबकि उत्तराखंड बेरोजगार संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष भूपेंद्र कोरंगा आमरण अनशन पर बैठ गए।
धरने में शामिल छात्रों और अभिभावकों व विभिन्न संगठनों का कहना था कि बार-बार पेपर लीक होने से मेहनतकश युवाओं का भविष्य अधर में लटका हुआ है। आरोप लगाया गया कि चयन आयोग पर नकल माफियाओं का कब्जा है और सरकार युवाओं की आवाज़ को लगातार अनसुना कर रही है। अभिभावकों ने साफ शब्दों में चेतावनी दी कि जब तक स्नातक स्तरीय परीक्षा रद्द नहीं होती और पूरे मामले की सीबीआई जांच नहीं करवाई जाती, तब तक यह आंदोलन जारी रहेगा।
उत्तराखंड युवा एकता मंच के संयोजक पीयूष जोशी ने कहा कि यह कोई पहली घटना नहीं है, बल्कि पेपर लीक की काली परंपरा उत्तराखंड के युवाओं का भविष्य निगल रही है। आयोग आज भी 4G में उलझा है जबकि नकल माफिया 5G और सैटेलाइट फोन तक इस्तेमाल करने लगे हैं। उन्होंने मांग की कि तत्काल सीबीआई जांच के आदेश दिए जाएँ और परीक्षा रद्द कर नई पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया शुरू की जाए।
भूपेंद्र कोरंगा, जो आमरण अनशन पर बैठ गए हैं, ने कहा कि सरकार ने अब तक सिर्फ आश्वासन दिए हैं, लेकिन न दोषियों पर कार्रवाई हुई और न ही आयोग की जवाबदेही तय हुई। उन्होंने चेतावनी दी कि जब तक परीक्षा रद्द नहीं होती और सीबीआई जांच शुरू नहीं होती, वे अनशन से नहीं उठेंगे।
धरने में मौजूद छात्र नेताओं ने भी सरकार को कटघरे में खड़ा किया। शैलेंद्र दानू ने कहा कि उत्तराखंड का युवा लगातार धोखा खा रहा है। छात्र संघ उपाध्यक्ष ज्योति दानू ने पूरे कुमाऊं के छात्र संगठनों से इस आंदोलन में जुड़ने की अपील की। क्षेत्र पंचायत सदस्य तालियां राहुल पंत ने कहा कि वह युवाओं के इस आंदोलन में हर तरीके से साथ है और जरूरत पड़ी तो वह भी आमरण अनशन पर बैठेंगे।
सभा स्थल पर बार-बार गूंजते रहे नारे—
“इंक़लाब जिंदाबाद… छात्रों की मेहनत होती बेकार, कौन है इसका जिम्मेदार?”
“हाकम आयोग को जेल में नापो, पुष्कर सिंह धामी 2027 में घाम तापो”
इस मौके पर किसान मंच प्रदेश अध्यक्ष कार्तिक उपाध्याय, वंदे मातरम ग्रुप से शैलेंद्र सिंह दानू, क्षेत्र पंचायत सदस्य राहुल पंत, युवा नेता विशाल सिंह भोजक, छात्रसंघ अध्यक्ष रश्मि लमगड़िया, राज्य आंदोलनकारी हरीश पनेरु, ललित जोशी, पहाड़ी आर्मी के अध्यक्ष हरीश रावत, मनोज कोठियाल समेत बड़ी संख्या में छात्र, अभिभावक और आमजन मौजूद रहे और आंदोलन को समर्थन देने की घोषणा की।

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